पांशकुड़ा, पश्चिम बंगाल। 13 साल का एक बच्चा। सातवीं कक्षा में पढ़ता था। नाम था — कृष्णेंदु दास। वो अब इस दुनिया में नहीं है। एक चिप्स के पैकेट ने उससे सब कुछ छीन लिया — उसका आत्मसम्मान, उसका विश्वास, उसका बचपन… और अंत में उसका जीवन। 23 मई 2025 को यह घटना सुर्खियों में…
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चावल-आधारित बायोप्लास्टिक: कचरे से टिकाऊ समाधान की ओर
– डॉ. रेनू यादव कचरे से धन का निर्माण: हरित क्रांति की दिशा में कदम आज पर्यावरणीय क्षरण एक गंभीर चुनौती बन चुका है, और इससे निपटने के लिए वैज्ञानिक समुदाय नए और टिकाऊ समाधान तलाशने में जुटा है। ऐसे में चावल-आधारित बायोप्लास्टिक (Rice based Bioplastic) में एक आशा की किरण दिखाई देती है।…
तर्कशील सोच, वैज्ञानिक पद्धति और वैज्ञानिक मानसिकता
लेखक – प्रोफ़ेसर सुरेंद्र कुमार वैज्ञानिक प्रक्रिया, सोचने समझने की वह विधि है जिस में हम किसी भी घटना और उस के सम्भावित कारणों में वह सम्बन्ध स्थापित करने की कोशिश करते हैं, जिस से उस घटना की व्याख्या की जा सके। ये सम्भावित कारण इस भौतिक़ संसार में ही विद्यमान होते हैं, किसी अलौकिक…
आलोचनात्मक मानसिकता का विकास क़ैसे किया जाए?
लेखक – सुरेंद्र कुमार मनुष्य की सोचने समझने की शक्ति और आलोचनात्मक मानसिकता (critical thinking) का विकास क़ैसे किया जाए, इस प्रश्न का उत्तर लाख टके का है! दुनिया में जो कुछ भी घट रहा है उसे जानने की जिज्ञासा मनुष्य की सामान्य प्रकृति है। घटना/प्रक्रिया को जानने के बाद उसे समझने का प्रयास करना…
मेवातियों को नहीं पता था कि वो Hindu हैं या Muslim, फिर क्यों हो गए ये सांप्रदायिक दंगे
मेवात (मेव समुदाय) के राजनीतिक इतिहास में भी साम्प्रदायिकता नहीं झलकती। जिआउद्दीन बरनी ने 13वीं शदी की घटनाओं के आधार पर लिखा कि Balban (बलबन) और Allauddin khilji (अलाउद्दीन खिलजी) जैसे ताकतवर सुल्तान भी मेवों पर पूर्ण नियंत्रण स्थापित करने में असफल रहे। डॉ. सूरजभान भारद्वाज और डॉ. महाबीर जागलान देश की राजधानी दिल्ली के समीप तीन…
साझी विरासत-साझी संस्कृति/ क्या सब कुछ ख़त्म हो गया है?
– नासिरूद्दीन हर तरफ़ नफ़रत का शोर है। नफ़रत सड़कों पर, ट्रेनों में, मोहल्लों में, महानगरों में हिंसा के रूप में दिख रही है। नफ़रत बाज़ार में भी पसर रही है। कहीं वेशभूषा तो कहीं हलाल और झटका का शोर है। बहुत सारे लोगों को लगा था कि व्हाट्सएप और टेलीविज़न पर दिन-रात चलने वाली…
POSH Act, 2013 का उल्लंघन किया भारतीय कुश्ती संघ ने
कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 ( “POSH Act”) एक विशेष कानून है जिसे हमारे देश में महिलाओं के लिए सुरक्षित कार्यस्थल बनाने के उद्देश्य से अधिनियमित किया गया था। पॉश अधिनियम (POSH Act) की धारा 4 के अनुसार :प्रत्येक कार्यस्थल नियोक्ता, लिखित आदेश द्वारा, “आंतरिक शिकायत समिति” के…
आईएएस प्रशांत नागर ने पेश की सादगी की मिसाल, दहेज में लिए मात्र 101 रु.
यूपी कैडर के आईएएस अधिकारी प्रशांत नागर ने सादगी से रचाया विवाह। बारात में शामिल हुए केवल 11 लोग। सारी दुनिया। भारत में शादियों का बहुत बड़ा व्यापार है। परंपरा के बोझ और दिखावे की प्रवृति के चलते अक्सर लोग शादियों में लाखों-करोड़ों रुपए फूंक देते हैं। जितने बड़े लोग, उतना ही भव्य आयोजन और…
हरियाणा में किसान आंदोलन के छह माह – एक समीक्षा
।। उदय चे ।। दिल्ली की सरहदों पर चल रहे ऐतिहासिक किसान आंदोलन को 6 महीने हो गए हैं। 26 नवम्बर को जब किसान दिल्ली की तरफ कूच कर रहे थे, तो उन्होंने कहा था कि 6 महीने का राशन साथ लेकर आए हैं। निश्चित ही इन 6 महीनों में उतार-चढ़ावों के बावजूद किसान सभी…
जनता के बुद्धिजीवी डीआर चौधरी
हरियाणा के वरिष्ठ लेखक, सामाजिक-राजनीतिक चिंतक, बुद्धिजीवी, पत्रकार और शिक्षाविद प्रो. दौलत राम चौधरी नहीं रहे। वे 86 वर्ष के थे और कई दिनों से बीमार चल रहे थे। उन्होंने 2 जून को तड़के अपने निवास पर अंतिम सांस ली। डीआर चौधरी के नाम से प्रसिद्ध डॉ. चौधरी मूलतः हरियाणा के चौटाला गांव के रहने…










